नेशनल डेस्क। यूपी में मेरठ के ब्रह्मपुरी क्षेत्र में मेट्रो प्लाजा के सामने चलती बस में तमंचा चेक करते हुए फैज-ए-आम कॉलेज के दो छात्रों को गोली लग गई। एक को हाथ और दूसरे को जांघ में गोली लगी। पुलिस को सूचना दी। इसके बाद घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। शुरूआत में घायलों ने आरोप लगाया कि कॉलेज के ही 10वीं कक्षा के छात्रों ने हमला किया था। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि घायल छात्र ही तमंचा लेकर आए थे और बस में चेक कर रहे थे। इसी दौरान गोली चली और दोनों घायल हो गए। फिलहाल पुलिस मामले में अपनी ओर से मुकदमा दर्ज कर रही है।
सिवाल खास निवासी कासिम पुत्र तैय्यब, खुर्शीद पुत्र आस मोहम्मद और शादाब पुत्र यूनुस फैज ए आम कॉलेज में छात्र हैं। कॉलेज में टेस्ट चल रहे हैं। रविवार को सिवाल खास से तीनों छात्र कॉलेज आए थे और दोपहर को घर जा रहे थे। दोपहर करीब 11.45 बजे बस में तीनों छात्र मेट्रो प्लाजा के सामने पहुंचे थे। इसी दौरान ये हादसा हुआ।
फोरेंसिक टीम ने किया पूरी कहानी का खुलासा
पुलिस को शुरू से ही वारदात को लेकर शक था। फोरेंसिक टीम ने घायलों का जीएसआर यानी गनशॉट रेसीड्यू टेस्ट किया था। इसमें खुलासा हुआ है कि घायल ने ही गोली चलाई है। अब तमंचा कहां है और पूरा घटनाक्रम क्या है, इसे लेकर जांच शुरू की गई। यह भी बताया कि गोली जांघ में ऊपर से नीचे की ओर लगी है। ऐसे में यह संभव नहीं है कि कोई नीचे से खड़े होकर ऊंचाई पर बस पर फायरिंग कर सके । इसके बाद सख्ती से कासिम से पूछताछ शुरू की गई। खुलासा हुआ कि कासिम और उसके साथी ही तमंचा लेकर आए थे। बस में बैठकर तमंचा चेक करने के दौरान गोली चल गई। गोली पहले कासिम के हाथ में लगी और इसके बाद खुर्शीद की जांघ में जाकर लगी। वारदात के बाद यह फर्जी हमले की कहानी तैयार कर दी गई और तमंचा गायब कर दिया गया।